JabalpurNews

बाज़ मीडिया कॉरपोरेशन प्रा. लि. ने गोहलपुर डिवीजन की ज़िम्मेदारी प्रतिष्ठित शिक्षाविद सरफ़राज़ ख़ान को सौंपी

जबलपुर। बाज़ मीडिया कॉरपोरेशन प्राइवेट लिमिटेड ने अपने पत्रकारिता नेटवर्क को और मज़बूत करते हुए गोहलपुर डिवीजन की एजेंसी शहर के जाने-माने शिक्षाविद सरफ़राज़ ख़ान को सौंप दी है। यह अहम अनुबंध रविवार, 30 नवम्बर 2025 को बाज़ मीडिया कॉरपोरेशन प्रा. लि. के सीईओ शहबाज़ रहमानी और जनाब सरफ़राज़ ख़ान के दरमियान संपन्न हुआ।

अनुबंध के तहत बाज़ मीडिया ने गोहलपुर क्षेत्र को एक अलग, स्वतंत्र और पूर्ण अधिकारों से लैस डिवीजन घोषित किया है। इसमें शामिल इलाक़े हैं .. मौलाना आज़ाद वार्ड, अशफ़ाक उल्लाह ख़ाँ वार्ड, जाकिर हुसैन वार्ड, मोतीलाल नेहरू वार्ड, अनवरगंज, मंसूराबाद, गोहलपुर मेन रोड, अहमद नगर और खजरी बायपास तक के सारे मोहल्ले।

अब इन इलाक़ों में होने वाली:

Advertisement
  • हर ख़बर की कवरेज,
  • उसका प्रकाशन,
  • और स्थानीय विज्ञापनों से होने वाली आमदनी,

का पूरा अधिकार एजेंसी होल्डर यानी जनाब सरफ़राज़ ख़ान के पास रहेगा।
इससे गोहलपुर डिवीजन की ख़बरों में स्थानीय ज़मीन की समझ, नज़दीकी और संवेदनशीलता और मज़बूत होगी।


एडिटोरियल पॉलिसी की पाबंदी ज़रूरी

अनुबंध की अवधि 12 महीने के लिए तय की गई है। इस दौरान दोनों पक्ष शर्तों के पाबंद होंगे।

अनुबंध में साफ़ तौर से दर्ज है कि:

  • एजेंसी बाज़ मीडिया की एडिटोरियल पॉलिसी का सख़्ती से पालन करेगी।
  • किसी भी तरह की समाज-विरोधी, नफ़रत फैलाने वाली या आपत्तिजनक सामग्री प्रकाशित नहीं की जाएगी।
  • अगर कोई सामग्री कंपनी की नीतियों के ख़िलाफ़ पाई जाती है तो उसे हटाने का पूरा अधिकार कंपनी के पास होगा। ज़रूरत पड़ने पर अनुबंध तुरंत प्रभाव से समाप्त भी किया जा सकता है।

गोहलपुर की आवाज़ अब और बुलंद होगी

इस अनुबंध के साथ बाज़ मीडिया ने स्थानीय समाचारों को ज़मीनी स्तर से उठाने,
मोहल्लों और वार्डों की आवाज़ को मुख्यधारा मीडिया में जगह देने,
और जनता की तकलीफ़ों, मुद्दों और कामयाबियों को सीधे मुख्यधारातक पहुँचाने की दिशा में एक नया अध्याय शुरू किया है।


एजेंसी मॉडल: शहर को 6 डिवीज़नों में बाँटकर बेहतरीन स्थानीय कवरेज का इंतज़ाम

गत माह हुई बोर्ड ऑफ़ डायरेक्टर्स की बैठक में ये निर्णय लिया गया था कि:
“समाज की अंतिम पंक्ति में खड़े व्यक्ति की आवाज़ भी मीडिया तक पहुँचे”
इसी सोच के साथ बाज़ मीडिया ने अपने न्यूज़ सिस्टम को 6 डिवीज़नों में बाँटा:

  1. राजधानी डिवीजन
  2. सिटी सेंट्रल डिवीजन
  3. सिहोरा डिवीजन
  4. सदर–नया मोहल्ला डिवीजन
  5. गोहलपुर डिवीजन
  6. रज़ा चौक डिवीजन

राजधानी और सिटी सेंट्रल डिवीजन का संचालन कंपनी स्वयं करेगी,
जबकि बाक़ी चार डिवीज़नों को शहर के सम्मानित और ज़िम्मेदार व्यक्तियों को एजेंसी मॉडल के तहत सौंपा जाएगा।

इसी सिलसिले में:

  • रज़ा चौक डिवीजन जनाब राजू लईक को दिया गया।
  • और अब गोहलपुर डिवीजन की कमान जनाब सरफ़राज़ ख़ान को सौंपी गई है।


बाज़ मीडिया ने एजेंसी मॉडल क्यों लागू किया? — मक़सद साफ़, नीयत मजबूत

बाज़ मीडिया का मक़सद सिर्फ़ “ख़बरें दिखाना” नहीं, बल्कि आम जनता की आवाज़ को मीडिया का हिस्सा बनाना है।

एजेंसी मॉडल लागू करने का मुख्य उद्देश्य है:

1️⃣ हर मोहल्ले-बस्ती की आवाज़ को मुख्यधारा मीडिया में लाना

अक्सर शहर के कोने-कोने की अहम खबरें बड़े मीडिया प्लैटफ़ॉर्म तक नहीं पहुँच पातीं।
एजेंसी मॉडल से हर वार्ड और हर गलियों तक मीडिया की पकड़ मज़बूत होगी।

2️⃣ स्थानीय नौजवानों और काबिल लोगों को पत्रकारिता का अवसर देना

डिवीज़न स्तर पर रिपोर्टर और कैमरामैन नियुक्त होने से स्थानीय युवाओं को रोज़गार और पहचान मिलेगी।

3️⃣ समाज के वास्तविक मुद्दों तक तुरंत पहुँच बनाना

ज़मीन पर मौजूद एजेंसी होल्डर स्थानीय हालात को बेहतर समझते हैं—इससे
तेज़, सटीक और जिम्मेदार पत्रकारिता संभव होती है।

4️⃣ “अंतिम पंक्ति में खड़े व्यक्ति” की आवाज़ को बुलंद करना

बाज़ मीडिया का मिशन है कि किसी भी वर्ग की कोई भी जायज़ बात अनसुनी न रहे।
एजेंसी मॉडल इसी मिशन को पूरा करने का साधन है।

5️⃣ शहर में ‘ज़िम्मेदार स्थानीय पत्रकारिता’ का सिस्टम स्थापित करना

प्रत्येक डिवीजन के पास ‘अपना जवाबदेह व्यक्ति’ होगा—जिससे
ग़लत जानकारी, अफ़वाहों और पक्षपातपूर्ण रिपोर्टिंग पर रोक लगेगी।

Back to top button

You cannot copy content of this page