सुविधा सहकारी संस्था की पांचवीं आम सभा: आर्थिक मजबूती से सामाजिक खुशहाली तक, जबलपुर में बनी आर्थिक आंदोलन की नई पहचान

सुविधा साख सहकारी संस्था की पांचवीं वार्षिक आम सभा में सहकारिता को लेकर वक्ताओं ने रखे विचार। 2025-26 में 549 सदस्यों को 3.83 करोड़ रुपये की ऋण सुविधा
जबलपुर। “इस्लाम ने हमें यह तालीम दी है कि भूखे को खाना खिलाओ। यह नहीं कहा कि सिर्फ़ मुसलमान भूखे को खाना खिलाओ, बल्कि जो भी भूखा है, उसे खाना खिलाओ।”
दिल्ली से प्रकाशित मासिक पत्रिका ‘ज़िंदगी नौ’ के संपादक मौलाना मुहियुद्दीन गाज़ी ने यह बात सुविधा साख सहकारी संस्था मर्यादित, जबलपुर की पांचवीं वार्षिक आम सभा में कही। रद्दी चौकी स्थित भारत पावरलूम, गाज़ीबाग में आयोजित आम सभा में संस्था से जुड़े लगभग 1000 सदस्यों ने सहभागिता की।
मौलाना मुहियुद्दीन गाज़ी ने अपने संबोधन में सहकारिता को केवल आर्थिक व्यवस्था नहीं, बल्कि जरूरतमंदों की मदद और समाज के आपसी सहयोग से जोड़ते हुए कहा कि इस्लाम की तालीम है कि जो भी व्यक्ति मुश्किल या मुसीबत में हो, उसकी मदद की जाए। अगर किसी को कर्ज़ दिया जा सकता है तो उसे आसान कर्ज़ दिया जाए।

उन्होंने कहा कि इन उसूलों को सिर्फ़ पढ़ना या सुनना ही काफी नहीं है, बल्कि इन्हें अमल में लाना भी जिम्मेदारी है। उनके मुताबिक जबलपुर में सुविधा सहकारी संस्था इसी दिशा में काम कर रही है।
‘अतिरिक्त पैसा जरूरत के वक्त गरीबों के काम आए’
मौलाना गाज़ी ने अपने संबोधन में मौजूदा बैंकिंग व्यवस्था और सहकारिता के मॉडल के बीच अंतर को भी सामने रखा। उन्होंने कहा कि आधुनिक बैंकिंग सिस्टम में गरीबों से पैसा लेकर अमीरों को देने की व्यवस्था दिखाई देती है, जबकि इस्लामी उसूल यह है कि मालदार लोगों के पास मौजूद अतिरिक्त पैसा इकट्ठा किया जाए और जरूरत के समय उसे गरीब और जरूरतमंद लोगों की मदद में लगाया जाए।
उन्होंने कहा कि सुविधा साख सहकारी संस्था इसी तरह के सहकारिता मॉडल पर काम कर रही है, जिसमें लोगों के आपसी सहयोग से आर्थिक जरूरतों को पूरा करने का प्रयास किया जाता है।
549 सदस्यों को 3.83 करोड़ रुपये की ऋण सुविधा: ब्रांच मैनेजर
आम सभा के दौरान संस्था के ब्रांच मैनेजर जमशेद अहमद खान ने वर्ष 2025-26 की वार्षिक रिपोर्ट प्रस्तुत की। उन्होंने संस्था की पिछली गतिविधियों के साथ आगामी वित्तीय वर्ष 2026-27 की कार्ययोजना, बजट और लक्ष्यों की जानकारी सदस्यों के सामने रखी।
वार्षिक रिपोर्ट के अनुसार वर्ष 2025-26 में सुविधा साख सहकारी संस्था के 549 सदस्यों ने कुल 3 करोड़ 83 लाख रुपये की ऋण सुविधा का लाभ लिया।
संस्था ने आगामी वित्तीय वर्ष 2026-27 में लगभग 4 करोड़ 80 लाख रुपये का ऋण वितरण करने का लक्ष्य रखा है। इसके साथ ही इस वर्ष 700 नए सदस्यों को संस्था से जोड़ने का लक्ष्य भी निर्धारित किया गया है।

मौलाना इकबाल नदवी ने ब्याज से बचने और हलाल पूंजी की जरूरत पर की बात
जमीयत उलमा-ए-हिंद, जबलपुर के सदर मौलाना इकबाल अहमद नदवी ने अपने संबोधन में ब्याज और सूद से बचने की कुरआनी हिदायत का उल्लेख किया।
उन्होंने कहा कि कारोबार के लिए सही समय पर पूंजी और माल की उपलब्धता बुनियादी जरूरत है। ऐसे दौर में जब लोगों को कारोबार के लिए आर्थिक संसाधनों की जरूरत होती है, वहां हलाल तरीके से पूंजी उपलब्ध होना भी महत्वपूर्ण है।
उन्होंने कहा कि जबलपुर में सुविधा जैसी संस्था लोगों को आर्थिक जरूरतों के लिए एक माध्यम उपलब्ध करा रही है।
आम सभा वक्ताओं ने क्या कहा…
‘छोटे व्यापारियों को पूंजी की जरूरत हो तो सुविधा जरूरी’
भाजपा नेता डॉ. रिज़वान अंसारी ने कहा कि छोटे व्यापारियों और कारोबारियों को जब पूंजी की जरूरत होती है, तो उन्हें आर्थिक सुविधा की आवश्यकता होती है। उन्होंने कहा कि सुविधा साख सहकारी संस्था जबलपुर के व्यापारियों और छोटे कारोबारियों तक यह सुविधा पहुंचाने का काम कर रही है।
उन्होंने कहा कि ऐसी संस्था का स्वागत केवल इस मंच से नहीं, बल्कि पूरे जबलपुर शहर में होना चाहिए।
‘सहकारिता के जरिए बुनियादी जरूरतों तक मदद पहुंचाई जा सकती है’
संयुक्त पिछड़ा वर्ग मोर्चा के संयोजक राम रतन यादव ने सहकारिता को आम आदमी की बुनियादी जरूरतों से जोड़ते हुए कहा कि पेट की आग, सिर पर छत और बेहतर इलाज जैसी जरूरतों में अगर कोई माध्यम लोगों तक मदद पहुंचा सकता है, तो वह सहकारिता का माध्यम है।
उन्होंने कहा कि जबलपुर शहर में सहकारिता को अमली तौर पर करके दिखाने वाली संस्था का नाम सुविधा सहकारी संस्था है।
राम रतन यादव ने संस्था को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि वर्तमान में संस्था के करीब 3,000 सदस्य हैं और आने वाले समय में यह संख्या 30,000 तक पहुंचे।
UPI और NEFT जैसी सुविधाएं शुरू करने की तैयारी

भोपाल से आए इंजीनियर रियाज खान ने संस्था की आगामी योजनाओं और सदस्यों के लिए प्रस्तावित सुविधाओं की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि सुविधा साख सहकारी संस्था के सदस्यों के लिए जल्द ही UPI पेमेंट और NEFT जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराने की दिशा में काम किया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि डिजिटल भुगतान की सुविधाओं से संस्था से जुड़े सदस्यों के लिए आर्थिक लेन-देन को और सुविधाजनक बनाने का प्रयास किया जा रहा है।
लगभग 1000 सदस्यों की रही सहभागिता
कार्यक्रम की शुरुआत संस्था के सदस्य शाहिद अहमद के स्वागत और प्रारंभिक संबोधन से हुई। इसके बाद अतिथियों ने अपने विचार रखे और संस्था की गतिविधियों तथा आगामी योजनाओं पर चर्चा की।
आम सभा में मुख्य अतिथि मौलाना मुहियुद्दीन गाज़ी के साथ इंजीनियर रियाज खान, मौलाना इकबाल अहमद नदवी, हाजी मेराज अहमद जमाली, डॉ. रिज़वान अंसारी और राम रतन यादव विशेष रूप से मौजूद रहे।
संस्था के संचालक मंडल के सदस्य मोहम्मद इम्तियाज, खुर्शीद अहमद, मोहम्मद हारून, परवीन बानो, अनीसा अंसारी, बंधन कुमार चौधरी, अनवार हुसैन, नसीम इंजीनियर, आसिम इमाम और शाहिद अहमद भी उपस्थित रहे।
कार्यक्रम को सफल बनाने में शकील अहमद, जावेद, एहतेशामुल हक, लियाकत, बाबर मिर्जा, सुहेल, शाह फैसल, जाहिद, अफसा, रईस, गुलाम, आमिर, ज़रार, सरफराज़, अल्ताफ, शकील, शाकिर, इनामुर्रहमान, इस्माईल, अकरम अली सहित संस्था से जुड़े अन्य सदस्यों का योगदान रहा।
कार्यक्रम के अंत में संस्था की ओर से सभी अतिथियों, सदस्यों और आयोजन को सफल बनाने में सहयोग करने वाले लोगों का आभार व्यक्त किया गया।

सुविधा क्या है..
सुविधा साख सहकारी संस्था मर्यादित, जबलपुर मध्य प्रदेश सहकारी सोसायटी अधिनियम, 1960 के अंतर्गत पंजीकृत संस्था है। इसका पंजीयन क्रमांक JR/JBP/107716 है। संस्था का पंजीकृत कार्यालय मोमिनपुरा तलैया, डॉ. जाकिर हुसैन वार्ड, गोहलपुर, जबलपुर में है, जबकि शाखा कार्यालय F-14, न्यू बहोरा मार्केट, हनफिया मस्जिद के सामने, जबलपुर में स्थित है।



