
विकासनगर (उत्तराखंड)। उत्तराखंड के विकासनगर से एक ऐसी घटना सामने आई है जो दिल को झकझोर देती है — और साथ ही इंसानियत पर भरोसा भी जगाती है। यहां 16 मई 2026 को एक माँ ने अपनी दो मासूम बेटियों को उफनती शक्ति नहर में फेंककर खुद भी छलांग लगा दी। इस विकट क्षण में दो मुस्लिम युवक — सोहेब और मुकर्रम — मौके पर थे। बिना एक पल गंवाए, बिना किसी मदद का इंतजार किए, दोनों ने तेज बहाव वाली नहर में कूदकर दोनों बच्चियों की जान बचा ली। माँ को नहीं बचाया जा सका — उनका शव अगले दिन बरामद हुआ। लेकिन दोनों युवकों की वीरता ने पूरे देश का दिल जीत लिया।
😢 क्या हुआ उस दिन?
पुलिस और मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार महिला का नाम किरण चंदेल है। 16 मई को वे अपनी दो छोटी बेटियों के साथ शक्ति नहर के पास पहुंचीं। नहर में उस समय तेज बहाव था। किरण ने पहले अपनी दोनों बेटियों को नहर में फेंका और फिर खुद भी छलांग लगा दी।
इस दिल दहला देने वाले मंजर को सोहेब और मुकर्रम ने अपनी आंखों से देखा। दोनों स्थानीय युवक थे जो उस वक्त पास में ही मौजूद थे।
🦸 जान जोखिम में डाल नहर में कूद गए दोनों युवक
घटना को देखते ही सोहेब और मुकर्रम ने बिना एक पल सोचे तेज बहाव वाली नहर में छलांग लगा दी। नहर का बहाव बेहद तेज था और हालात बेहद खतरनाक। बावजूद इसके दोनों युवकों ने हार नहीं मानी और संघर्ष करते हुए दोनों बच्चियों को एक-एक कर सुरक्षित बाहर निकाल लिया।
इस पूरी घटना का एक वीडियो सामने आया है जिसमें दोनों युवक तेज धारा से जूझते और बच्चियों को बचाते दिख रहे हैं। वीडियो वायरल होते ही लोगों ने दोनों की जमकर सराहना की।
बच्चियों को बचाने के बाद सोहेब ने बच्चियों को अपनी बाहों में भर लिया और तत्काल अस्पताल पहुंचाया। उनकी इस त्वरित कार्रवाई ने दोनों बच्चियों की जान बचाई।
👤 सोहेब — स्थानीय युवक, विकासनगर
👤 मुकर्रम — स्थानीय युवक, विकासनगर
📍 घटनास्थल: शक्ति नहर, विकासनगर, उत्तराखंड
📅 तारीख: 16 मई 2026
💔 माँ को नहीं बचाया जा सका — अगले दिन मिला शव
दोनों बच्चियों को तो बचा लिया गया, लेकिन किरण चंदेल नहर के तेज बहाव में बह गईं। 17 मई को SDRF (State Disaster Response Force) की टीम ने धकरानी पावर हाउस के पास किरण का शव बरामद किया और पुलिस को सौंपा। उनकी मौत ने इस पूरी घटना को और भी दुखद बना दिया।
🏅 पुलिस ने किया दोनों युवकों का सम्मान
इस असाधारण वीरता को देखते हुए देहरादून ग्रामीण पुलिस ने सोहेब और मुकर्रम को कार्यालय बुलाकर उनका विशेष सम्मान किया। पुलिस ने उनकी हिम्मत और इंसानियत की तारीफ की और उन्हें समाज के लिए प्रेरणास्रोत बताया।
🌟 इंसानियत की मिसाल — धर्म से ऊपर उठकर की मदद
यह घटना उस वक्त सामने आई है जब देश में सांप्रदायिक तनाव और धार्मिक ध्रुवीकरण की खबरें आए दिन सुर्खियों में रहती हैं। ऐसे माहौल में सोहेब और मुकर्रम ने बिना जाति-धर्म देखे अपनी जान दांव पर लगाकर दो मासूम बच्चियों को मौत के मुंह से बचाया। यह घटना साबित करती है कि इंसानियत किसी धर्म की मोहताज नहीं होती।
📅 तारीख: 16 मई 2026
📍 स्थान: शक्ति नहर, विकासनगर, उत्तराखंड
😢 माँ: किरण चंदेल — शव 17 मई को धकरानी पावर हाउस के पास मिला
✅ बच्चियाँ: दोनों सुरक्षित, अस्पताल में उपचार
🦸 बचाने वाले: सोहेब और मुकर्रम (स्थानीय मुस्लिम युवक)
🏅 सम्मान: देहरादून ग्रामीण पुलिस द्वारा विशेष सम्मान
— रिपोर्ट: BazMedia.in | दिनांक: 20 मई 2026



