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Baz World: ईरान का बहरीन-कुवैत पर सीधा हमला, होर्मुज पूरी तरह बंद

तेहरान/वॉशिंगटन | 10 जून 2026 | BAZ News Network (BNN) | BAZ Desk | Bazmedia.in

News in Short

  • ईरान के IRGC ने बहरीन और कुवैत के अमेरिकी एयरबेस पर ड्रोन हमले किए।
  • होर्मुज जलडमरूमध्य को “अगले नोटिस तक” सभी जहाजों के लिए बंद घोषित किया गया।
  • अमेरिका ने ईरान के कई ठिकानों पर नए हवाई हमले किए — ट्रंप के सीधे आदेश पर।

होर्मुज जलडमरूमध्य बंद — ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने गुरुवार तड़के बहरीन के शेख ईसा एयरबेस और कुवैत के अली अल-सलेम व अहमद अल-जाबेर एयरबेस पर ड्रोन हमले किए। साथ ही होर्मुज से गुजर रहे दो तेल टैंकरों को भी निशाना बनाया गया। IRGC ने पूरे जलडमरूमध्य को “अगले नोटिस तक” हर तरह के जहाजों के लिए बंद कर दिया है।

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होर्मुज जलडमरूमध्य बंद — दुनिया की ऊर्जा आपूर्ति पर सीधा असर

होर्मुज वो रास्ता है जिससे अप्रैल संघर्ष-विराम से पहले दुनिया की पाँचवीं हिस्सा ऊर्जा आपूर्ति गुजरती थी। ईरान ने पहले भी इसे बंद किया था, फिर खोला, लेकिन अमेरिका के बंदरगाह-नाकेबंदी के बाद दोबारा पाबंदी लगा दी। अब IRGC का कहना है कि तेल टैंकर और व्यापारिक जहाज — कोई भी नहीं गुजरेगा। तेल और खाने-पीने की चीज़ों के दाम दुनिया भर में पहले से ही चढ़े हुए हैं, यह फैसला उन्हें और भड़का सकता है।

अमेरिकी हमले और ट्रंप की धमकी

अमेरिका के सेंट्रल कमांड ने ईरान के अंदर “कई ठिकानों” पर हमलों की पुष्टि की। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा — “हम डील के बहुत करीब थे, लेकिन वो हमें बेवकूफ बनाते रहे।” Fox News पर उन्होंने बिजलीघरों और पुलों पर हमले की धमकी भी दी।

ईरानी सरकारी मीडिया ने क़ेशम द्वीप, बंदर अब्बास, सिरिक और करगन में धमाकों की खबर दी। करगन में कम से कम दो लोग जख्मी हुए। तेहरान का कहना है कि अमेरिकी हमलों में दो पानी के रिज़र्वॉयर तबाह हुए और एक टेलीकॉम टॉवर को नुकसान पहुँचा।

ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियान ने X पर लिखा — “बुनियादी ढाँचे को निशाना बनाने की धमकी ताकत की नहीं, बल्कि हताशे की निशानी है।” उन्होंने कहा कि ईरान किसी भी दबाव के सामने नहीं झुकेगा।

डील की राह में रोड़े — लेबनान भी बना पेच

दोनों देशों के बीच अप्रत्यक्ष बातचीत जारी है — मकसद एक अंतरिम समझौता है जो लड़ाई रोके। लेकिन ईरान जमे हुए ऐसेट्स की वापसी और प्रतिबंधों में राहत माँग रहा है। इज़रायल की लेबनान में हिज़बुल्लाह के खिलाफ बढ़ती मुहिम ने मामला और उलझा दिया है। ईरान कह रहा है कि किसी भी डील में लेबनान की जंग का खात्मा भी शामिल होना चाहिए, जबकि इज़रायल इसे अलग मामला बताता है।

होर्मुज जलडमरूमध्य का बंद होना सिर्फ खाड़ी का मामला नहीं — यह पूरी दुनिया की अर्थव्यवस्था को हिला सकता है। अमेरिका और ईरान के बीच अप्रैल संघर्ष-विराम टूटता दिख रहा है और डील की कोई ठोस तारीख नज़र नहीं आ रही।

📌 Sources & References

  • IRGC Official Statement

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